markatasana in hindi | मर्कटासन दर्द का रामबाण इलाज

मर्कटासन – markatasana in hindi

मर्कटासन दो शब्दों के मेल से बना है जिसमें मर्कट का अर्थ होता है बंदर और आसन का अर्थ बैठना, लेटना या खड़े होने कि क्रिया से है । मर्कटासन रीढ़  की हड्डी  में दर्द को खत्म करने का एक रामवाण इलाज है | इस (मर्कटासन) से शरीर के अन्य कई प्रकार रोग खत्म होते है ।  मर्कटासन एक सामान्य योगासन की श्रेणी वाला योगासन है इसे करने में ज्यादा परेशानी नहीं होती है |

आप इस मर्कटासन के अभ्यास मे जल्दी निपूर्ण हो जाते हैं। शरीर के साथ-साथ इसका मानसिक लाभ भी बहुत सारे मिलते हैं। मर्कटासन उन व्यक्तियो के लिए ज्यादा लाभकारी है जो बैठ कर ज्यादा देर तक काम करते हैं जिससे कमर दर्द की समस्या बनी रहती है|

योगासन का लाभ हमारे शरीर को दीर्घकालिन तक होता है। मर्कटासन कई सारे बिमारियों में लाभकारी होता है। मर्कटासन हर उम्र के व्यक्तियो के लिए फायदेमंद है। अगर आप भी अपनी लाइफ में कमर दर्द या रीढ़ की हड्डी के दर्द से परेशान हैं तो आपके लिए  मर्कटासन एक सरल और अच्छा आसान है ।

आप इसे अपने दैनिक Daily yoga life में शामिल  कर सकते हैं। आज के बदलते खान पान और वातावरण ने शरीर को ना जाने कैसी-कैसी रोगो का सामना करना पड़ रहा है जिससे हर व्यक्ति को किसी न किसी बिमारी से ठीक होने या बचने के लिए दवाई का सहारा लेना पड़ता है दवाइयों से हमें तुरंत लाभ मिलता है लेकिन इसका प्रभाव लम्बे समय के अच्छा नहीं माना जाता ।

योगासन जिससे आज की  बिमारी के साथ साथ आगे की जिन्दगी में आने वाले रोगों से भी हमारी रक्षा करता है। इसलिए योगा आज के समय में बहुत महत्वपूर्ण हो चुका है। सरकार भी इसके महत्व को जानते हुई इसके प्रचार-प्रसार के लिए कई कार्य कर रही है। विश्व को योग भारत ने दिया जिसे आज लगभग सारी दुनिया अपना चुकी है।

Medical science अपनी जगह सही है पर योगा का भी अपना एक महत्व है जिसे इनकार नहीं जा सकता |योगासन कई प्रकार के होते हैं सरल भी और कठिन भी | व्यक्ति अपनी क्षमता के अनुसार जिसमे सहज हो कर  सकता है और अपने जीवन को स्वस्थ बना सकता है | दवाई से कम खर्च में शरीर को स्वस्थ रख सकते हैं।मर्कटासन भी एक सामान्य श्रेणी वाला योगासन है। इस आसन को करना सरल है।

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मर्कटासन की विधि – Steps of Markatasana in hindi 

  1. सबसे पहले योगा मैट पर पीठ के बल लेट जाइए |
  2.  फिर पैरों को मोडे ध्यान रहे एडिया आपस में सटी रहे |
  3.  हाथों को खोले (फैला) अच्छे से।
  4. अब दोनो पैर को आपसे में सटा के जिसमे एडियाँ, घुटने और जाद्य आपस में मिले हो ।
  5. दोनो पैरो को एक साथ बाई तरफ मोडे और गर्दन को दाई तरफ  मोड |
  6.  गर्दन और पैर को विपरित दिशा में रखे।
  7.  सांस को सामान्य गति पर रखें ।
  8.  इससे आपके रीढ़ की हड़ी पर और कमर में खिचाव महसूस होगा |
  9.  इस प्रक्रिया को 3-3 बार या 5-5 बार दोहराए |

एक साइड 30 सेकंड एक एक पूरी प्रक्रिया कम  से काम 60 सेकंड का समय रखे ये समय सीमा बिगिनर्स के लिए है। धीरे-धीरे आप अपनी समय सीमा बढ़ा भी सकते |

कब करे मर्कटासन :- मर्कटासन का ज्यादा फायदा सुबह के समय करने से मिलेगा वैसे तो आप दिन में कभी भी कर सकते है | दिन में योगासन करते समय इस बात पर खास ध्यान दें कि खाना खाने के तुरंत बाद कोई भी योगासन ना करे 1 खाना खाने से पहले या खाना खाने के ३-४ घंटे बाद ही मर्कटासन का अभ्यास करे | 

मर्कटासन में प्रभावित होने वाले अंग :- गर्दन, कमर, रीढ़ की हड़ी, जाधो पर दबाव पड़ता है तथा इन मांसपेसियों  की मालिस भी हो जाती है जिससे यह मजबूत बनता है |

किसे नहीं करना चाहिए मर्कटासन :-

  1.  Pregnancy के दौरान महिलाओ को मर्कटासन नहीं करना चाहिए |
  2. गंभीर रूप से कमर में दर्द हो तब भी इस आसन का अभ्यास नहीं करना चाहिए|
  3. किसी गंभीर रोग से ग्रस्त है तब भी मर्कटासन का अभ्यास ना करें. ठीक होने के बाद ही इसका अभ्यास करे ।
  4.  कभी भी मर्कटासन को जल्दबाजी मे ना करें जिन व्यक्तियों की हाल ही में कोई सर्जरी हुई हो वो व्यक्ति भी इस आसान का अभ्यास न करे |

मर्कटासन भी कई वैरियेशन में होता है। जिसमें समय के अनुसार थोड़ा बहुत बदलाव होता रहता है। आप अपनी सुविधा के  अनुसार जो भी अच्छा, सरल  लगे कर सकते है।

मर्कटासन को आप साफ स्वच्छ वातावरण में करें । अपनी शारीरिक क्षमता के अनुसार ही समय सीमा रखे | कपडे ढीले पहने । चेहरे पर खुशी के भाव रखे।

markatasana in hindi
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मर्कटासन के लाभ – Benefits of Markatasana in hindi 

मर्कटासन के बहुत सारे लाभ है। एक साथ कई सारे रोगों से छुटकारा दिलाने में मदद करता है|

रीढ़ के दर्द के लिए लाभकारी :-  मर्कटासन का सबसे ज्यादा लाभ हमारे रीढ़ की हड्डी को मिलता है जिससे रीढ़ के दर्द से राहत मिलती है | समय के साथ व्यक्ति में कमर दर्द ,रीढ़ की हड्डी का दर्द होना एक सामान्य रोग बन जाता है। जिसे ठिक करने के लिए हम बहुत सारे होस्पीटल और दवाईयों के पीछे भागते रहते है |

रीढ़ के हड्डी के दर्द का सबसे अच्छा रामबाण इलाज मर्कटासन को माना जाता है। एक मर्कटासन के नियमित अभ्यास से आप अपने रीढ़ की हड्डी के दर्द से छुटकार या सकते हैं।

कमर दर्द से राहत : जिस प्रकार रीढ़ के लिए मर्कटासन फायदे मंद है उसी प्रकार कमर दर्द से भी राहत दिलाने में ये आसान महत्वपूर्ण भूमिका निभात है | ज्यादा उम्र वाले व्यक्तियो या जो व्यक्ति sitting job करते है उनके  लिए मर्कटासन बहुत फायदेमंद है।

शरीर में लचीलापन :  मर्कटासन के नियमित अभ्यास से शरीर में लचीलापन आता है। आज के समय में हर व्यक्ति ज्यादातर किशोरावस्था वाले लड़का या लड़की अपने शरीर को आकृषक बनाने के लिए कर्ड प्रकार के एक्सरसाइज और फिट दिखने के लिए आहार को अपनाते है।

ऐसे लोगों के लिए मर्कटासन बहुत लाभकारी है क्योंकि इससे शरीर मे लचीलापन आता है जिसे व्यक्ति का शरीर आकृषक दिखता है। शारीरिक विकृतिया कम होती है। शरीर का आसन ठीक रहता है।

वजन कम करता : मर्कटासन करने से शरीर का वजन ज्यादा नहीं बढ़ता, वजन सामान्य रहता है। जो महिला हो  या पुरुष सब को slim Body चाहिए वो मर्कटासन कर सकते हैं | ये आसन शरीर में चर्बी को कम करके शरीर को सुन्दर बनाता है।

मानसिक शांति :  मर्कटासन करने से शरीर और मन दोनों को लाभ मिलता है। मानसिक स्वस्थ्य के लिए मर्कटासन एक अच्छा आसन है। तनाव, चिंता सामान्य बात है ऐसे में हर व्यक्ति परेशान है इसके लिए आप योगासन कर सकते है ।

मर्कटासन करते समय ध्यान देने या बरतीजाने वाली सावधानिया :

  1. कभी भी समय सीमा एक दम से ना बढ़ाए। धीरे-धीरे ही बढ़ाए |
  2.  अगर आपकी कोई सर्जरी हुई है तब भी मर्कटासन को डॉक्टर की सलाह और योगा प्रशिक्षक की उपस्थिती में ही करे।
  3.  मासिक धर्म या गर्भावस्था के दौरान मर्कटासन करने से बचे |

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